खूनी चाँद की कहानियाँ: ब्लड मून 2025
लेखक: Nitesh Panwar | कॉपीराइट ©️ terdingnews.in

ब्लड मून आखिर है क्या? पूर्ण चन्द्र ग्रहण
ब्लड मून यानी पूर्ण चन्द्र ग्रहण का वह क्षण जब चाँद का रंग चमकीले सफेद से बदलकर गहरे लाल या तांबे जैसा दिखाई देने लगता है। यह खगोलीय घटना तब होती है जब पृथ्वी, सूर्य और चन्द्रमा एक सीधी रेखा में आ जाते हैं और पृथ्वी की परछाईं चन्द्रमा पर पड़ती है। प्रकाश के अपवर्तन और बिखराव के कारण चाँद लालिमा लिए हुए नजर आता है। इस लाल चाँद को ही आम बोलचाल में लोग “खूनी चाँद” या ब्लड मून कहते हैं। खूनी चाँद की कहानियाँ:
2025 में ब्लड मून कब और कहाँ?
खगोल वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्ष 2025 में ब्लड मून का अद्भुत नजारा दुनिया के कई हिस्सों में देखने को मिलेगा। भारत में भी इस ग्रहण की आंशिक और पूर्ण अवस्था देखी जा सकेगी। उत्तर भारत से लेकर दक्षिण भारत तक लोग रात के आकाश में इस अलौकिक घटना को नंगी आंखों से देख पाएंगे। ग्रहण की शुरुआत रात करीब 7:30 बजे होगी और पूर्ण अवस्था लगभग 9:15 बजे तक बनेगी। उसके बाद धीरे-धीरे चाँद अपने सामान्य स्वरूप में लौट आएगा। खूनी चाँद की कहानियाँ: खूनी चाँद
वैज्ञानिक नजरिए से ब्लड मून
विज्ञान की नजर से देखें तो ब्लड मून कोई रहस्यमयी घटना नहीं बल्कि प्राकृतिक खगोलीय प्रक्रिया है। सूर्य का प्रकाश जब पृथ्वी के वायुमंडल से होकर गुजरता है, तो नीली और हरी रोशनी बिखर जाती है और लाल रोशनी सीधे चन्द्रमा तक पहुँचती है। यही कारण है कि ग्रहण के समय चाँद लाल दिखता है। वैज्ञानिकों के लिए यह घटना पृथ्वी के वातावरण को समझने का एक मौका भी होती है। वे इसके जरिए वायुमंडल की संरचना, धूल कण और गैसों की परतों का अध्ययन करते हैं। खूनी चाँद की कहानियाँ:
धार्मिक मान्यताएँ और लोककथाएँ चन्द्र ग्रहण भारत
भारत ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया में ब्लड मून को लेकर अलग-अलग धार्मिक और सांस्कृतिक मान्यताएँ जुड़ी हुई हैं। हिंदू धर्म में चन्द्र ग्रहण के दौरान पूजा-पाठ और भोजन को लेकर कई परंपराएँ हैं। लोग इस समय धार्मिक ग्रंथों का पाठ करते हैं और ग्रहण खत्म होने के बाद स्नान कर पवित्रता का पालन करते हैं। वहीं पश्चिमी देशों में ब्लड मून को कई बार संकट या परिवर्तन का संकेत माना जाता है। प्राचीन काल में लोग इसे अपशकुन से जोड़ते थे, लेकिन आधुनिक विज्ञान ने इन अंधविश्वासों को गलत साबित कर दिया है। खूनी चाँद की कहानियाँ:
ज्योतिषीय महत्व
ज्योतिष के अनुसार, ब्लड मून का असर राशियों पर भी देखा जाता है। माना जाता है कि यह समय मानसिक अस्थिरता और भावनाओं के उफान का होता है। कुछ राशियों के लिए यह बदलाव और नई शुरुआत का समय होता है, जबकि कुछ राशियों को चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि ज्योतिष विद्वान हमेशा इस बात पर जोर देते हैं कि इंसान की मेहनत और कर्म ही उसकी किस्मत तय करते हैं। खूनी चाँद की कहानियाँ:
लोगों का उत्साह और सोशल मीडिया पर चर्चा
जैसे-जैसे ब्लड मून की तारीख नजदीक आती है, लोगों का उत्साह सोशल मीडिया पर साफ दिखाई देने लगता है। ट्विटर, इंस्टाग्राम और फेसबुक पर लोग #BloodMoon, #ChandraGrahan जैसे हैशटैग के साथ तस्वीरें और पोस्ट शेयर करते हैं। कई जगहों पर खगोल विज्ञान क्लब विशेष कार्यक्रम आयोजित करते हैं जहां लोग टेलिस्कोप से ग्रहण का नजारा देखते हैं और उसकी तस्वीरें कैद करते हैं। युवाओं के बीच यह खगोलीय घटना सेल्फी और फोटोग्राफी का बड़ा मौका बन जाती है।
कैसे देखें ब्लड मून?
ब्लड मून को देखने के लिए किसी महंगे उपकरण की जरूरत नहीं होती। इसे आप अपनी नंगी आंखों से देख सकते हैं। हालांकि, अगर आपके पास दूरबीन या टेलिस्कोप है तो अनुभव और भी रोमांचक हो सकता है। ध्यान रखें कि ग्रहण के समय आसमान साफ होना चाहिए। बड़े शहरों में प्रदूषण और रोशनी की वजह से दृश्यता कम हो सकती है। इसलिए बेहतर होगा कि आप इसे खुले मैदान या छत से देखें। खूनी चाँद की कहानियाँ:
ब्लड मून और वैज्ञानिक शोध
वैज्ञानिकों के लिए ब्लड मून केवल एक दृश्य सौंदर्य नहीं बल्कि अनुसंधान का अवसर भी होता है। इस दौरान वे पृथ्वी के वायुमंडल में मौजूद प्रदूषण स्तर, ज्वालामुखी की राख और गैसों के प्रभाव का अध्ययन करते हैं। साथ ही, यह समय खगोल शास्त्रियों को चन्द्रमा की सतह का बारीकी से निरीक्षण करने का मौका देता है। कई बार ब्लड मून के दौरान लिए गए आंकड़े भविष्य में अंतरिक्ष अभियानों के लिए मददगार साबित होते हैं। खूनी चाँद की कहानियाँ:
निष्कर्ष
ब्लड मून यानी पूर्ण चन्द्र ग्रहण केवल खगोलीय घटना नहीं बल्कि विज्ञान, संस्कृति और आस्था का संगम है। यह एक ऐसा क्षण है जब पूरी दुनिया आसमान की ओर देखती है और प्रकृति के इस अद्भुत खेल को निहारती है। साल 2025 का ब्लड मून न केवल वैज्ञानिकों और ज्योतिषियों के लिए खास होगा बल्कि आम लोगों के लिए भी एक यादगार अनुभव साबित होगा। https://indianexpress.com/section/entertainment/bollywood/
लेखक: Nitesh Panwar | कॉपीराइट ©️ terdingnews.in