ब्रेकिंग • 28 अगस्त 2025
हिमालय का मातम:

लेखक: Nitesh Panwar • 28 अगस्त 2025 लैंडस्लाइड राहत टीम हिमालय में आफ़त तेज़ बारिश • लैंडस्लाइड • बचाव जारी
उत्तराखंडजम्मू-कश्मीरभारी बारिशलैंडस्लाइड
मुख्य बिंदु: तेज़ मानसून के चलते उत्तराखंड से लेकर जम्मू-कश्मीर तक नदियाँ उफान पर, पहाड़ दरक रहे हैं — वैष्णो देवी के पास हुए भूस्खलन में 32 लोगों की मौत और यात्राएं ठप्प। हिमालय का मातम:
हिमालय की गोद इस समय काली घटाओं और तेज बारिश की मार झेल रही है। पिछले 48 घंटों में कई जिलों में मूसलाधार बरसात ने सड़कों को ध्वस्त कर दिया, छोटे-बड़े पुल बह गए और कई इलाकों में भूस्खलन ने घरों को नुकसान पहुंचाया। सबसे दर्दनाक खबर वैष्णो देवी के पास मिली, जहाँ एक बड़े लैंडस्लाइड में 32 लोगों की मृत्यु दर्ज की गई और तीर्थयात्रा रोकनी पड़ी। हिमालय का मातम:
कहां-कहां हालत गंभीर हैं
उत्तराखंड के कई कस्बों में फ्लैश-फ्लड और मिट्टी के बहाव ने लोगों की जिंदगी पलट दी — धराली और थराली जैसे इलाके पहले भी इस सीजन में प्रभावित हो चुके हैं। जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ और आसपास के क्षेत्रों में भी बार-बार बादल फटने की घटनाएँ हुईं, जिससे राहगीर और स्थानीय समुदाय भारी प्रभाव झेल रहे हैं। हिमालय का मातम:
जनजीवन पर असर
जम्मू शहर ने केवल 24 घंटों में पिछले दस साल की सबसे तेज़ बारिश दर्ज की; आवागमन ठप्प, दुकानें बंद और राशन-सुविधाओं तक पहुंच मुश्किल हुई। कई यात्रियों को दूरी-दूरी से निकाला जा रहा है और प्रशासन व रक्षा बल लगातार बचाव-कार्यों में जुटे हैं। मुख्यमंत्री ने आपातकालीन बैठकों का ऐलान किया और स्थानीय अधिकारियों को राहत-राहत सामग्री भेजने के निर्देश दिए हैं। हिमालय का मातम:
बचाव और राहत — क्या हो रहा है?
राहत टीमें सड़क, हवाई और पानी के रास्ते से फंसे हुए लोगों तक पहुंच रही हैं। स्थानीय प्रशासन ने अस्थायी शेल्टर खोले हैं और मेडिकल टीमों को प्रभावित इलाकों में तैनात किया गया है। साथ ही टेक्निकल टीम जमीन पर ब्रिज और संपर्क मार्गों की मरम्मत का काम कर रही है ताकि राहत सामग्री समय पर पहुँचे।
किसने क्या कहा
मुख्यमंत्री ने सार्वजनिक रूप से बताया कि प्राथमिकता फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने और चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने की है। स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि मौसम विभाग की एडवाइजरी देखते हुए आगे और सतर्कता बरतनी होगी। हिमालय का मातम:
आप क्या कर सकते हैं — तत्काल सलाह
- यदि आप प्रभावित रूट पर यात्रा कर रहे हैं तो तुरंत यात्रा स्थगित करें।
- स्थानीय प्रशासन/एनडीआरएफ के निर्देशों का पालन करें और अफवाहों पर विश्वास न करें।
- जरूरी होने पर नज़दीकी राहत केंद्रों में संपर्क करें और अपने रिश्तेदारों को सुरक्षा की जानकारी दें।
नज़दीकी अपडेट
हम ताज़ा खबरों पर लगातार अपडेट देते रहेंगे — बचाव रिपोर्ट, रूट खुलने का समय और प्रभावित इलाकों में राहत कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट जल्द साझा की जाएगी। https://www.aajtak.in/topic/ganesh-chaturthi https://terdingnews.in/upsssc-pet-2025/
© Copyright terdingnews.in • लेखक: Nitesh Panwar
शेयर करें: #HimalayaFloods #Breaking #Relief